रविवार, 22 मई 2011

ज़िन्दगी का प्रशन पत्र

ऐ मेरे खुदा
तुम ने जो
ज़िन्दगी का प्रशन पत्र
सुलझाने के लिए दिया था
मुझे समझ नहीं आया
मुझे पता नहीं चल सका
ये आस पास
चलते फिरते
ठहरते दौड़ते
कौन लोग थे ?
मुझे पता नहीं चला
ज़िन्दगी क्या ?
मौत क्या ?
तृष्णा क्या ?

मैं कौन ?
तूँ कौन ?

मुझे बिलकुल
समझ नही आया
रिश्तों का ताना -बाना
बनते टूटते
सम्बधों के संबध
डूबते तैरते
अहसास की तरंगे
रोते चीखते
जज़्बात की उमंगें
मुहब्बत ?
नफरत ?
मुझे समझ नहीं आई
ये भाग-दौड़
कहाँ पहुचना ....?
कहाँ जाना ...?
आखिर
क्या पाना ?

पता ही ना चला
जीवन ...
कब गुज़र गया
अखबार पड़ते पड़ते
कुछ सूचनाएँ थी
कत्लों की
कातिलों की
कुछ उजड़ गये
कुछ उजाड़ गये
बहुत तबाही हुई
बहुत तबाही देखी
बांसुरी बजती रही
शहनाईआं गूंजती रही .....

मुझे समझ नहीं आयी
इस उतर -पत्रिका में
क्या लिखूं ?
जो सोचा
भूल गया
जो लिखा
मिटता गया
शब्द मिलें
तो अर्थ गुम
सब गुमसुम ......

पर मैंने तो
अपने ही ढंग से सोचा
अपने ही ढंग से
इसे समझा
बिना किसी ख्वाहिश के
बिना किसी प्राप्ति के
तृष्णा और तृप्ति के
इस युद्ध की
जैसे मुझे
खबर ही नहीं ....

मैं तेरी इस
कक्षा का
सब से पीछे
बैठा विधार्थी
जो सारा वक्‍त
एक अफरा-तफरी
देखता रहा
और सोचता रहा
प्रश्‍नों को
बिना किसी उत्तर के
और चल पड़ा
तुमे अपनी
उत्तर -पत्रिका देने .....

इस लिए
ऐ मेरे खुदा
तुम अपने
इस  विधार्थी को
शून्य बटा सौ
दे सकते हो .....

मेरी उत्तर -पत्रिका
देख कर
क्या सोच रहे हो ?
क्यों सोच रहे हो ?
मैं जनता हूँ ...
तुम सोच रहे हो
इसका क्या करू ?
किस रूप में ढालूँ इसे .....

कहीं भी भेज दो
ऐ मेरे खुदा
पर मेरी
एक गुजारिश है
मुझे इंसान मत बनाना
इंसान होने की पीड़ा
मैं जान गया हूँ
पहचान गया हूँ .....

तुम
मुझे
कोई भी आकार दे दो
यहाँ तुम मुझे
पहचान सको
मैं तुमे
जान सकूं ....

मैं नहीं
सुलझा सका
ज़िन्दगी का
प्रशन- पत्र
जो तुम ने मुझे
सुलझाने के लिए
दिया था ।

गुरुवार, 3 मार्च 2011

दोस्ती ईश्वर की अनुपम देन

दोस्ती ईश्वर की अनुपम देन


दुनिया के तमाम खूबसूरत रिश्तों में से एक रिश्ता दोस्ती का है। दोस्त स्ट्रीटलाइट की तरह होते हैं, वे हमारे जीवन की राह में रोशनी भर देते हैं। इससे हमारा सफर सहज हो जाता है। एक सही और अच्छा दोस्त हमारी जिंदगी बदलने में महत्तवपूर्ण भूमिका निभाता है। जरूरी नहीं कि आपके दोस्त अपने सामाजिक दायरे से ही हों। कई बार भगवान उन्हें अलग-अलग रूपों में भेजता है। पशु-पक्षी भी आपके दोस्त हो सकते हैं या कई बार अचानक ऎसे व्यक्ति मिल जाते हैं जो खुद भी एक ईमानदार दोस्त की तलाश में होते हैं।

ब्रिटेन की यूनिवर्सिटी ऑफ नॉघिंटन के शोध के अनुसार वे लोग ज्यादा खुश रहते हैं, जिनके पास पुराने दोस्तों की संख्या ज्यादा होती है। शोध में यह भी पाया गया कि जिन लोगों के दस या ज्यादा दोस्त हैं, वे पांच या कम दोस्त वाले लोगों की तुलना में ज्यादाखुश होते हैं। शोधकर्ताओं के अनुसार पुराने ओर करीबी दोस्तों का होना व्यक्तिगत खुशी से जुडा होता है। जिंदगी में खुश रहने के लिए सिर्फ रूपयों का ढेर, बडे महल, महंगी गाडियां, ऊंचा पद ही खुश रहने के लिए काफी नहीं है। ये सब चिजें कुछ पल का सुख देती हैं। लेकिन दोस्त हमेशा हमारी खुशी को बनाए रखने का काम करता है। दोस्त हमें जीवन में कुछ अच्छा देते हैं। जीवन की बैटरी को चार्ज करने के लिए दोस्ती की जरूरत होती है।


एक अच्छा और सच्चा दोस्त वह होता हे जो आपकी राहों में आई मुश्किलों का हल निकालते हैं। एक सच्चा दोस्त वह है जो आपके दिल की बात को समझ पाए ओर आपका संबल बढाकर आपको सही रास्ता दिखाए। अच्छे दोस्त को कैसे ढूंढा जाए या कैसे पहचाना जाए। दोस्ती की कोई सीमा या मापदंड नहीं होता। अच्छा दोस्त पाने के लिए आप अपने मिलने-जुलने वालों में से उन पर गौर करें, जिनसे आप सहज रूप से बात कर पाते हों। जिनकी बातों पर आपको हंसी आती हो या आपके परेशान होने पर उनका भी मन उदास हो जाता हो। जरूरी नहीं कि आपका दोस्त आपका हमउम्र हो या आपके स्टेटस का हो या आप दोनों का धर्म या भाषा एक हो। दोस्ती कभी भी किसी से भी हो सकती है। ऑफिस में आपकी सीट के पास बैठने वाला सहकर्मी भी आपका दोस्त हो सकता है। वॉक पर रोजाना मिलने वाले दादाजी या कोई बुजुर्ग, नियमित रूप से आपका चैकअप करने वाला आपका डॉक्टर या पडौस में रहने वाली बुजुर्ग आंटी कोई भी आपका दोस्त हो सकता है। लेकिन इस दोस्ती को लंबे समय तक बनाए रखने के लिए आपसी प्रेम और विश्वास होना बहुत जरूरी है।


अच्छे दोस्त आपके जीवन को सार्थक बनाते हैं। सकारात्मक ऊर्जा के साथ वे आपको जीवन जीने का हौंसला देते हैं। जब जिंदगी के रास्ते बंद हो जाते हैं और कोई उम्मीद नहीं बचती तब अच्छे दोस्त ही जीने का सहारा बनते हैं। अच्छे दोस्त हमें बुरे पलों से उबारते हैं। दोस्ती खुशी को दोगुना करके, दुख को बांटकर उल्लास बढाती है और मुसीबत कम करती है। एक सच्चा दोस्त हर परिस्थिति में आपका साथ देता है। वह मुश्किल पलों से आपको निकालने में मदद करता है। बिना दोस्तों के जिंदगी मुश्किल होती है। हमें चाहे रोना हो या हंसना, दोनों ही परिस्थिति में दोस्त जरूरी है।


बुधवार, 2 मार्च 2011

दोस्त और दोस्ती के लिये


नया दोस्त ताजा गुलाब की तरह 

नया दोस्त जीवन में ताजे गुलाब की तरह होता है। उसकी नई बातें, उसके नए विचार हमारे जीवन को गुलाब की खुशबू की तरह महका देते हैं। सिर्फ इतना ही नहीं नयी जगह पर नए दोस्त बनाने से वहाँ रहना और घुलना-मिलना आसान हो जाता है। इसलिए जहाँ भी जाएँ, दोस्त जरूर बनाएँ क्योंकि दोस्तों के बगैर जीवन बेरंग होता है।

नए दोस्त बनाना एक कला है जो सभी को नहीं आता। हम अक्सर देखते हैं कुछ लोग आते ही तुरंत दोस्त बना लेते हैं। वे आसानी से सभी के साथ घुलमिल जाते हैं। मगर कुछ लोगों को दोस्त बनाने में वक्त लगता है। दोस्त बनाना एक अच्छी आदत है, खास तौर से नयी जगहों पर। जब भी हम नयी जगह जाते हैं अपने पुराने दोस्तों को बहुत याद करते हैं। मगर बेहतर यही होता है कि हम नए दोस्त बना लें। इसलिए हमेशा नए दोस्तों के लिए बाँहें खोलकर रखनी चाहिए।

दोस्तों का जीवन में होना बहुत जरूरी है क्योंकि आप जो बातें अपने जीवन साथी से भी नहीं कह पाते वह अपने दोस्तों से कह देते हैं। मगर इन सभी बातों के बीच सच्चाई यह भी है कि आपका स्कूल के वक्त का दोस्त हमेशा आपके साथ नहीं होगा। यानी हर नयी जगह आपको अपने लिए नए दोस्त बनाने होंगे ताकि आप वहाँ आसानी से रह सकें, आपको अपनों की कमी महसूस न हो।

नए दोस्तों का जीवन में होना बहुत जरूरी है क्योंकि हर नया दोस्त अपने साथ नयी बातें और नयी आदतें लेकर आता हैं। आप उससे तमाम अच्छी बातें सीखते हैं। उसके साथ अपको नए विचार मिलते हैं जो आपके जीवन के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। दोस्त जीवन में गुलाब के फूलों की तरह होते हैं। जब भी आते हैं हमारे जीवन में नयी ताजगी भर देते हैं।

 
जीवन में हमेशा नए दोस्तों का स्वागत करना चाहिए। दोस्त बनाने के लिए हमेशा सभी से मुस्कुराते हुए मिलें। लोगों की परेशानियों में उनकी मदद करें। कभी किसी से बेवजह तू-तू, मैं-मैं न करें। नयी जगह पर जाएँ तो किसी के बात करने का इंतजार न करें। खुद आगे बढ़कर बातें करें और उन्हें दोस्त बनाएँ।

  
नए दोस्त बनते रहने से जीवन में कभी ठहराव का एहसास नहीं होता है ऐसा लगता है जैसे हर नए दोस्त के साथ जीवन में नया रंग और नयी खुशियाँ आ गईं।इसलिए आज 'मेक ए न्यू फ्रेंड डे' पर आप भी एक नया दोस्त बनाएँ। अगर नौकरी करते हैं तो अपने दफ्तर में, पढ़ाई करते हैं स्कूल या कॉलेज में दोस्त बनाएँ और दोस्त के साथ जमकर मस्ती करें।